
राफेल डील और नोटबंदी को लेकर कांग्रेस लगातार मोदी सरकार पर हमला कर रही है. जहां देश के अलग-अलग शहरों में पार्टी प्रवक्ताओं और बड़े नेताओं ने मोर्चा संभाला है, तो वहीं कैलाश मानसरोवर यात्रा पर जाने से कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी ने पार्टी मुख्यालय से केंद्र सरकार पर तीखा हमला बोला.
भारतीय रिजर्व बैंक द्वारा जारी ताजा आंकड़ों का हवाला देते हुए कांग्रेस ने नोटबंदी को मोदी सरकार का बड़ा घोटाला करार दिया है. उन्होंने कहा कि नोटबंदी का इरादा देश के बड़े उद्योगपतियों के काले धन को सफेद करना था. इसलिए नोटबंदी कोई गलती नहीं थी, नोटबंदी जानबूझकर बड़े उद्योग घरानोंके लिए रास्ता खोलने के उद्देश्य से की गई थी.
राहुल ने आरोप लगाया कि, प्रधानमंत्री ने नोटबंदी, 15-20 उघोगपतियों, जिन पर बैंक का कर्जा था. मोदी ने आम आदमी की जेब से पैसा निकाल कर सीधा इन उद्योगपतियों की जेब में डाला. यही था नोटबंदी का लक्ष्य. साथ ही उन्होंने अपने मित्रों के काले धन को सफेद करने का काम किया. अहमदाबाद जिला को-ऑपरेटिव बैंक, जिसके डायरेक्टर अमित शाह हैं उस बैंक ने 750 करोड़ रुपये पुराने नोट बदले.
राहुल गांधी ने कांग्रेस नेताओं पर अनिल अंबानी द्वारा कांग्रेस नेताओं पर किए गए मानहानि के मुकदमों पर कहा कि जिनते भी मानहानि के मुकदमे करने हैं कर लें सच्चाई बदलने वाली नहीं है.
बता दें कि भारतीय रिजर्व बैंक ने अपनी सालाना रिपोर्ट में कहा है कि नोटबंदी के दौरान बंद हुए लगभग सभी पुराने नोट वापस आ चुके हैं. रिजर्व बैंक ने कहा है कि कुल 99.30 फीसदी 500 और 1000 रुपये के पुराने नोट वापस आ चुके हैं.