यूपी के आगरा में एक महिला पत्रकार से खुलेआम की गयी छेड़खानी

800

अपराध के मामले में देश के टॉप राज्यों में शामिल उत्तर प्रदेश में महिलाओं के खिलाफ आपराधिक घटनाएं रुकने का नाम नहीं ले रहीं. ताजा घटना में तो ऐसे अपराधों के खिलाफ आवाज उठाने वाली पत्रकार बिरादरी ही निशाना बन गई.

ताजनगरी आगरा में एक स्थानीय महिला पत्रकार के साथ सरेराह छेड़खानी का मामला सामने आया है. इतना ही नहीं महिला हेल्पलाइन नंबर पर कॉल करने के बाद भी किसी तरह की मदद नहीं मिली.

महिला पत्रकार ने इसके बाद खुद अपने फेसबुक पेज पर अपनी पीड़ा जाहिर की है. महिला एंकर का यह पोस्ट तेजी से वायरल हो रहा है. उनकी फेसबुक पोस्ट वायरल होने के बाद पुलिस जागी और FIR दर्ज की.

महिला हेल्पलाइन नंबर 1090 के अधिकारियों ने भी उनसे ड्यूटी में लापरवाही को लेकर माफी मांगी. इसके बाद घटना के चार दिन बाद सोमवार को आगरा पुलिस ने दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया.

आप को बता दे कि उत्तर प्रदेश में योगी आदित्यनाथ की सरकार है, जब हमने कुछ लोगो से इस मुद्दे पर बात की तो लोगो का कहना है कि सीएम योगी अपने हर इंटरव्यू और मिडिया से भी प्रदेश में राम राज्य की बात करते है, लेकिन अपराधियों के होसले को देखकर ऐसा लगता नहीं है कि प्रदेश में राम राज्य है या प्रदेश राम राज्य की तरफ बढ़ रहा है.

बता दे कि महिला से छेड़खानी ऐसे शहर में हुई है जहाँ विदेशो से भी लोग घुमने के लिए आते है. ऐसे में योगी सरकार पर सवाल उठना भी लाजमी है.

आप को बता दे कि छेड़छाड़ की शिकार महिला एंकर ने अपने फेसबुक पोस्ट में लिखा है कि वह 25 जनवरी की रात भगवान टॉकीज से एमजी रोड की ओर जा रही थीं. इसी बीच बाइक सवार दो व्यक्तियों ने उनका पीछा किया.

 भधे इशारे किए  और उनके साथ-साथ चलने लगे. आरोपियों ने पीड़िता के साथ बात करने की भी कोशिश की. आरोपियों ने पीड़िता एंकर का काफी दूर तक पीछा किया. पीड़िता के मुताबिक, आरोपियों की फोटो खींचने और पुलिस में शिकायत की धमकी देने का भी उन पर कोई असर नहीं हुआ.

पीड़िता ने अपने पोस्ट में कुछ अहम मुद्दों पर सवाल उठाती हुए लिखती हैं, "मैं इन दोनों की गाड़ी के नम्बर की फोटो खींचने लगी तो पीछे बैठा युवक बोला कि नम्बर फ़र्ज़ी है. फिर जब मैंने उसकी फोटो ली तो वो अलग अलग पोज़ देने लगा.

जैसा कि आप फोटो में देख सकते हैं. शर्म और डर नाम की कोई चीज़ इनके चेहरे पर दिखाई नहीं दे रही. बात यहीं खत्म नहीं हुई. मैंने घर आकर महिला हेल्पलाइन नम्बर 1090 पर फोन किया और अपनी कम्प्लेंट रजिस्टर करानी चाही.

पीड़ित महिला ने आगे कहा कि वहां मेरी बात सुनने के बाद बोला गया कि आपके पास कम्प्लेंट रजिस्टर का नम्बर आएगा. और आज 4 दिन बीत जाने के बाद भी कोई कम्प्लेंट रजिस्टर नहीं मिला जहां मुझे 'महिला हेल्प लाइन' सेवा नाकाम होती दिखी."

पीड़ित महिला ने आगे लिखा है, "इन्होंने मेरे साथ जो किया वो गुनाह इतना बड़ा नहीं था. पर ऐसी मानसिकता वाले ये लड़के जिन्हें पुलिस का कोई ख़ौफ़ नहीं यही लड़के आज अगर किसी को छेड़ रहे हैं.

तो कल किसी का बलात्कार भी इसी बेशर्मी से करके किसी लड़की की ज़िंदगी बर्बाद कर देंगे. नेता पहुंच जाएंगे कैंडल जलाकर अपना चेहरा चमकाने के लिए और हाथ पर हाथ रख कर बैठी रह जाएगी ये नाम की महिला हेल्प लाइन, पुलिस और सरकारें."